स्विंग ट्रेडिंग कैसे करे | Swing Trading Kaise kare | how to swing trading

swing trading kaise kare how to swing trading20

how to swing trading:- दीपक मीणा आपका स्वागत करता हूं | Your Finance Planet पर यहां पर आप सिखने वाले हैं कि Swing Trading कैसे करते हैं और यह करने के लिए हमें कितना ज्ञान होना जरूरी है | यह तो आपको पता ही होगा पर हां यह सीख कर आप एक अच्छा पैसा कमा सकते हो ध्यान रहे की  बिना सीखे यह नहीं कर सकते हो आपको सीखना अनिवार्य है, नहीं सीखोगे तो पैसा गवा  सकते हो तो ध्यान रहे इस आर्टिकल को पूरा पढ़ें और समझे की आपको ट्रेडिंग कैसे करनी है किसी ट्रेडिंग को 2 दिन,सप्ताह ,2,3 महीने के मध्य कि जाती है उसे Swing ट्रेडिंग कहते हैं, इसमें ओवर नाईट  रिस्क होता है |

Swing Trading कोन कर सकता है 

स्विंग ट्रेडिंग हर वह व्यक्ति कर सकता है | जिसके पास 10,000/- प्लस पैसा हो तो बाकी आप Swing ट्रेडिंग मत करना क्योंकि जब आप कम पैसों से Swing ट्रेडिंग करोगे तो इतना पैसा नहीं बना पाओगे जितना आप कमाना चाहते हो मान लो आप 10,000/- रुपये स्विंग ट्रेडिंग में लगाकर 1% कमाना चाहते हो तो आप सिर्फ ₹100 कमाओगे | आप सोच रहे होंगे कि हजार रुपए लगाकर ट्रेडिंग कर सकते हैं आप हजार रुपए लगाकर ट्रेडिंग कर सकते हो परंतु देखो की हजार का 1% , ₹10 रुपये होता है | इसलिए मैं आपको मना कर रहा हूं | पर हां सीखते रहो एक दिन आपके भी लाखों रुपये होंगे तो आप ट्रेडिंग करोगे तो वहां पर एक लाख का 1% ₹1000/- रुपए होता है | स्विंग ट्रेडिंग वह हर व्यक्ति कर सकता है | इसके पास ₹500/- रुपये भी हो वह कर सकता है | पर ध्यान रहे आप अच्छा पैसा नहीं बना पाओगे | जब आप कम  पैसों  से स्विंग ट्रेडिंग करोगे तो कम से कम आपके पास ₹10,000/- रुपये तो होने ही चाहिए |

Swing Trading किस समय में करे |

आपको ध्यान होना चाहिए कि आप कौन-सी ट्रेडिंग कर रहे हो हर ट्रेडिंग का समय अलग-अलग होता है | आप Scalping Trading करते हो तो वह सेकंड में होती है | आप Day Trading करते हो तो वह एक दिन में होती है ऐसे ही Swing Trading जो 2 दिन , सप्ताह, महीनो के मध्य समय में होती है | यह आप पर निर्भर करता है कि आपको कोंन-सी Trading करनी है और आपको कब लाभ हो और बाहर निकल जाओ | ( ट्रैड एक्सिट करो ) आप यह पता कैसे करेंगे की मार्केट ऊपर जा रहा है या नीचे यह पता करने के लिए आप एक घंटे या 1 दिन के चार्ट पर एनालिसिस कर सकते हो और समझ सकते हो कि यहां से मार्केट ऊपर जाएगा या नीचे “आप सीखोगे तो ही कमाओगे सीखते रहो |”

चार्ट देखने का समय ( स्विंग ट्रेडिंग के लिए )

  • एक घंटा
  • एक दिन

चार्ट को इस दो टाइम में देखें |

Swing ट्रेडिंग में कौन-से इंडिकेटर Use करें |

यहां पर इंडिकेटर तो बहुत सारे हैं परंतु आपको मैं जो बता रहा हूं | वह खास इंडिकेटर है जो आपके  बहुत काम आएंगे

  1. Super trend
  2. MACD
  3. VWAP
  4. ADX
  5. Pivot Point

इन इंडिकेटरों का अभ्यास करें और फिर अपनी ट्रेडिंग जर्नी में प्रयोग करें |

फंडामेंटल एनालिसिसट्रेडिंग व निवेश  में लिक्विडिटीस्टॉक मार्किट में  ट्रेंड लाइन की पूरी जानकारी 

Swing Trading करने से लाभ

आपको ट्रेडिंग पसंद है और आपके पास समय नहीं है | आप सोच रहे हो की  कब ट्रेडिंग करें तो यह ट्रेडिंग खास कर आप के लिए है | आप जॉब कर रहे हो तो उस वजह से सही से ट्रेडिंग नहीं कर पाते होंगे परंतु आप स्विंग ट्रेडिंग करके अच्छा पैसा बना सकते हैं | यहां पर आपको रोज का एक घंटा निकालना है और पार्ट टाइम में अच्छा पैसा बना पाओगे |

  1. समय कम लगता है |
  2. अधिक लाभ प्राप्त कर सकते हो |
  3. आप अपनी मन पसंद जगह पर गुम सकते हो |
  4. घर वालों को समय दे पाओगे |

Swing Trading से हानि

देखो Swing Trading से लाभ है तो इसकी कुछ हानि भी है | हम यह कह सकते हैं कि हर एक सिक्के के दो पहलू  होते हैं | जब आप Swing Trading करोगे |  इसमें एक दिन, एक हफ्ते ,तक  पैसे  रहने दोगे तो रात भर में मार्केट में क्या हो अपन को नहीं पता है | तो उस समय अपना नुकसान भी हो सकता है | इसे हम ओवर Night Risk कहते हैं |

निष्कर्ष

इस आर्टिकल में आपने Swing Trading के बारे में कुछ जानकारी प्राप्त की  है | जो आपके Trading जर्नी में काम आएगी आपने यहां पर समझा की Swing Trading कौन कर सकता है | और कितने  पैसों से Trading करने से सही रहेगा | यह भी जाना है और तो और इसकी हानि, लाभ पर भी हमने बात की है | जो इस आर्टिकल में आपने पढ़ा है |

डिस्क्लेमर

Your Finance Planet पर लिखे हर एक आर्टिकल Education परपस से लिखा गया है | और Swing Trading कैसे करें यह आर्टिकल भी एजुकेशन के परपस से लिखा गया है | ट्रेडिंग करने से पहले अपने सलाहकार से सलाह जरूर लें फिर अपने रिक्स (जोखिम) पर ट्रेडिंग व इन्वेस्टिंग करें | “YourFinancePlanet.in”   किसी भी प्रकार के लॉस के लिए जिम्मेदार नहीं है |

AI se Stock Analysis Kaise Kare – एआई से स्टॉक एनालिसिस कैसे करें |

AI20se20Stock20Analysis20Kaise20Kare

AI se Stock Analysis:- आज की इस बदलती दुनिया में आपको डिजिटल दुनिया का ज्ञान नहीं है, तो क्या मतलब आपको इसकी कोई जानकारी नहीं है तो आप अपने आस – पास से लो , अपने दोस्तों से जिसे इसका ज्ञान हो नहीं तोआप वेबसाइट(website) और यूट्यूब(YouTube) का भी उपयोग कर सकते हैं और अपना ज्ञान बढ़ा सकते हैं | परंतु आज की दुनिया में AI आ गया है | इसका ज्ञान विशेष कर होना जरूरी है और आज हम सीखेंगे की Stock Analysis में AI का प्रयोग कैसे करें | आपका कोई भी सवाल हो Stock Market से रिलेटेड हो तो आप AI से कैसे पहुंच सकते हैं और आपको उसका उत्तर कैसे मिलेगा इस पर भी हम विस्तार से आगे बात करने वाले हैं |

AI से Stock Analysis करना सही है

AI से स्टॉक एनालाइज (Analysis)  करना एकदम सही है क्योंकि यहां पर आपको स्टिक उत्तर मिल जाता है | यहां आपको एक आर्टिकल में Fundamental Analysis करना हो या  Technical  Analysis सब आसानी से कर पाओगे | आज की इस दुनिया में AI का प्रयोग कर एक दम आगे रह सकते हो क्योंकि आज की दुनिया Digital हो गई है | तो आपको भी तो बनना होगा | आप AI का प्रयोग कर सकते हैं और समय बचा सकते है |

जैसे :- (1 ).Chat GPT    (2).Gemini  का प्रयोग करो |

AI Stock Analysis APPS

AI से Stock Analysis करने के लिए कुछ APPS है जिसका प्रयोग कर आप अपने समय को बचा सकते हो और Stock को अच्छे से Analysis कर सकते हो |

Chat GPT से Stock Analysis

आइए अब हम Chat GPT से Stock Analysis करते हैं यहां पर हम टेक्निकल एनालिसिस एंड फंडामेंटल एनालिसिस  देखने वाले हैं

टेक्निकल एनालिसिस

मान लेते हैं कीआप intraday ट्रेडिंग कर रहे हो उसमें आप देखना चाहते हो की 5 मिनट के टाइम फ्रेम के साथ वॉल्यूम दिखाया जाए | किसी स्टोर का नाम लिखो |

Prompt 1.मुझे बैंक निफ्टी का चार्ट दो , दिनांक 9 /07/2025

मुझे बैंक निफ्टी का चार्ट दो

Prompt 2.मुझे निफ्टी 50 का वॉल्यूम दो ,दिनांक 9/07/2025

मुझे निफ्टी 50 का वॉल्यूम दो

Prompt 3. निफ्टी 50 में मुझे डेमो मूविंग एवरेज ( ma ) इंडिकेटर लगाओ |

आप इस प्रकार Chat GPT को Prompt लिखोगे तो आपको एक स्टिक  उत्तर मिलेगा  | ध्यान रहे यहां आपको  वेरीफाय Website दिखेगी वहां Click कर Chart देख सकते हैं|  इसी प्रकार से आप इसके अन्य Share को भी ले सकते हैं |

फंडामेंट एनालिसिस

हमने टेक्निकल एनालिसिस करना तो सीख लिया है कि AI से टेक्निकल एनालिसिस कैसे करते हैं | अब हम देखेंगे कि AI से फंडामेंट एनालिसिस कैसे कर सकते हैं | फंडामेंट एनालिसिस के लिए यहां पर मैं इन वेल्यु  को दिखाने वाला हूं | PE, PB, Market Volume, Market cap, Price और भी अन्य वेल्यू हो सकती  हैं | मैं यहां Chat GP का प्रयोग कर रहा हूं | Fundament Analysis के लिए आप भी मेरे साथ इसका प्रयोग करें | Chat GPT से कहिए कि मुझे SBI Share का PE, PB Market Cap , और अन्य वॉल्यूम जो आपको पता है यह लिख कर Chat GPT को बताओ आपको एक मिनट या सेकंड में उत्तर मिल जाएगा | इस प्रकार आप Chat GP का प्रयोग कर अपना समय बचा सकते हो और आपको अन्य वेबसाइट पर घूमना भी नहीं पड़ेगा समय बचा कर इस समय को अन्य जगह लगा सकते हो इसी प्रकार आप Chat GP का प्रयोग कर सकते हो | Gemini, Perplexity का प्रयोग भी ऐसे ही करें |

उदाहरण 1. SBI BANK का PE रेसो बताओ |

उदाहरण 2.SBI BANK का मार्किट कैप कितना है |

उदाहरण 3.SBI BANK का PB रेसो बताओ |

👉.ये तीनो के उदाहरण देखने के लिए क्लिक करे  |

AI से Stock Analysis के लाभ

AI से Stock analysis करने के तो कहीं फायदे हैं पर मैं आपको यहां पर कुछ फायदे बता रहा हूं |

  • समय की बचत कर सकते हैं ✔
  • आप अपने दोस्तों में स्मार्ट बन सकते हैं✔
  • एक साथ कहीं सारी वेबसाइट मिल जाती है✔
  • आपको वेरीफाय वेबसाइट मिलती है✔
  • अधिक पैसे बनाने के रास्ते पर चल सकते हैं✔

आप अपने नजरिए से कुछ और भी लाभ देख सकते हैं |

AI से Stock Analysis की हानि

AI से कहीं हानियां भी रहती है यह कभी-कभी पुरानी वेबसाइट को सामने  रख देता है और वहां पर पुराना कंटेंट होता है उस कंटेंट पर भरोसा कर हम नुकसान कर सकते हैं वेरीफाई वेबसाइट का ज्ञान होना बहुत जरूरी है AI से जो कंटेंट मिल रहा है उसे आप Google पर जाकर वेरीफाई जरूर करें |

निष्कर्ष

यह आर्टिकल पढ़ने के बाद हमें यह समझ आया कि AI का प्रयोग करके Stock Analysis किस प्रकार से कर सकते हैं आपने जाना कि किस AI APP या वेबसाइट का प्रयोग कर हम Analysis का कार्य पूर्ण कर सकते हैं |

डिस्क्लेमर

Your Finance Planet पर लिखे हर एक आर्टिकल Education परपस से लिखा गया है | और AI se Stock Analysis Kaise Kare यह आर्टिकल भी एजुकेशन के परपस से लिखा गया है | ट्रेडिंग करने से पहले अपने सलाहकार से सलाह जरूर लें फिर अपने रिक्स (जोखिम) पर ट्रेडिंग व इन्वेस्टिंग करें | “YourFinancePlanet.in”   किसी भी प्रकार के लॉस के लिए जिम्मेदार नहीं है |

ट्रेडिंग व निवेश में लिक्विडिटी | Liquidity in trading and investing

ट्रेडिंग व निवेश में लिक्विडिटी | Liquidity in trading and investing
Liquidity:- आज तक आपने निवेश व ट्रेडिंग की है तो आपको पता होगा की लिक्विडिटी क्या है ? और यह निवेश व ट्रेडिंग में कैसे काम करता है आप मार्केट में न्यू हो तो घबराने की कोई बात नहीं है मैं आपको लिक्विडिटी के बारे में आसान और ईजी तरीके से बताने वाला हूं | मार्केट में लिक्विडिटी होना या नहीं होना कितना मायने रखता है और कितना नहीं यह जानकारी भी आपके यहां पर मिलने वाली है “ जब मार्केट में उतार – चढ़ाव होता रहता है तो उसे हम लिक्विडिटी कहते हैं” और समझते हैं स्टॉक मार्केट में किसी कंपनी के शेयर में उसको बेचने वालों की संख्या और खरीदने वालों की संख्या अधिक मात्रा में है तो हम यह के सकते हैं कि इस शेयर में लिक्विडिटी है या अधिक है | “और आसानी से समझते हैं स्टॉक मार्केट में जो चार्ट दिख रहे हैं उसमें हल – चल होती रहती है तो हम कह सकते हैं कि इसमें लिक्विडिटी है ।

स्टॉक मार्केट में लिक्विडिटी

आप इंडिया के स्टॉक मार्केट में निवेश व ट्रेडिंग करो या विदेश के अन्य स्टॉक मार्केट में लिक्विडीटी हो तभी निवेश करना है | मान लो आप इंडिया के स्टॉक मार्केट में निवेश व ट्रेडिंग करते हो तो किसी एक इंडेक्स में या शेयर में निवेश या ट्रेडिंग करोगे | आप यहां पर यही देखोगे की इंडेक्स व शेयर में कितनी लिक्विडिटी है वही देखोगे तभी आप इसमें निवेश या ट्रेडिंग करोगे | बिना लिक्विडिटी से आप निवेश या ट्रेडिंग करोगे तो आपका लॉस (हानि) हो सकता है या फिर आपको रिटर्न नहीं मिल पाएगा | स्टॉक मार्केट में इंडेक्स होते हैं और उस इंडेक्स में कंपनियां आप एक इंडेक्स में निवेश करते हो तो मतलब कि पूरे उसे सेक्टर में निवेश व ट्रेडिंग कर रहे हो | “ स्टॉक मार्केट में लिक्विडिटी हो तभी निवेश व ट्रेडिंग करना बाकी आप आपके पैसे गवा सकते हैं लिक्विडिटी है तो पैसा बना पाओगे नहीं तो नहीं बना पाओगे ।
 

लिक्विडिटी की समझ

आप कैसे पानी में नहाना पसंद करोगे गंदे पानी में या साफसुतरे पानी में आप सोच रहे होंगे यह कैसा सवाल है ? मैं तो साफ पानी में ही नहाऊंगा पानी साफ है उसी में नहाऊंगा क्योंकि यह पानी अच्छा भी रहता है इसी प्रकार स्टॉक मार्केट में इंडेक्स होते हैं और उसमे कंपनियाँ , आपको देखना है कि कौन-सी कंपनी सही है | सही का मतलब कि उसके फंडामेंटल कैसा हैं और फिर देखना है कि यह शेयर कितनी बार खरीद और बेचा गया है इसके चार्ट में कैंडल कैसे बनती है ऊपर – नीचे हो रही है बड़ी कैंडल बन रही है तो समझ लेना कि इसमें एक अच्छी लिक्विडिटी है ।

एक शेयर की लिक्विडिटी

मैं यहां पर एसबीआई(SBI) के शेयर से समझाता हूं | इस शेयर के चार्ट को आप अच्छे से देखें और समझे इसमें क्या हो रहा है | यहां क्लिक कर आप एसबीआई (SBI) शेयर का चार्ट देख सकते हैं | इसमें बने कैंडल को देखें, कहीं बड़ी कैंडल दिखेगी और कहीं छोटी कैंडल और कभी शेयर का प्राइस कम हो रहा है और कभी बढ़ रहा है तो समझ लेना कि इसमें लिक्विडिटी है किसी अन्य कंपनी का चार्ट लेकर अच्छे से समझे की लिक्विडिटी क्या है और कैसे काम करती है ।

पेनी शेयर की लिक्विडिटी

पेनि शेयर से आप क्या समझते हैं यही ना छोटी कंपनी के शेयर तो आप एक दम सही सोच रहे हो | इसमें कभी लिक्विडिटी बहुत अधिक हो जाती है तो कभी कम तो कभी होती ही नहीं है इनमें लिक्विडिटी नहीं के बराबर होती है आप ट्रेडिंग कर रहे हो तो इसमें न करें क्योंकि आपका लॉस हो सकता है आप यहां पर क्लिक कर देख सकते हैं कि लिक्विडिटी किस प्रकार है पेनी स्टॉक में आप इसमें एक लंबे समय तक निवेश करना चाहते हो तो कर सकते हो इससे पहले आपको फंडामेंटल आना जरूरी है यहां क्लिक कर इसे अच्छे से समझे , पेनी स्टॉक शेयर में बहुत कम लिक्विडिटी होती है ।

निफ्टी-50 की लिक्विडिटी

क्या आपने ऑप्शन ट्रेडिंग की है शायद हां या ना हो सकता है परंतु आपने निफ्टी 50 का इंडेक्स तो देखा होगा इसमें प्राइस कभी कम व कभी अधिक होती रहती है यह प्राइस परिवर्तन कुछ सैकड़ो में होता है जो यह परिवर्तन हो रहा है इससे आप क्या कहेंगे इसे आप यह कह सकते हो की निफ्टी-50 में कितनी लिक्विडिटी है सीधे तौर से कहते हैं तो निफ्टी-50 में जो भाव का ऊपर और नीचे होना उसी को हम लिक्विडिटी कहते हैं ।

लिक्विडिटी शेयर की पहचान कैसे करें

किसी एक शेयर की हमें लिक्विडिटी पता करनी हो तो कैसे करें | आप अपने पसंद से किसी भी कंपनी का शेयर उठाओ और उसमें उस शेयर का चार्ट देखो क्या इसमें हल-चल हो रही है या नहीं शेयर के चार्ट में कोई परिवर्तन नहीं हो रहा है तो समझ लेना इसमें कोई लिक्विडिटी नहीं है परंतु जब इसके साथ में परिवर्तन हो रहा हो तो समझना कि इसमें लिक्विडिटी है इस प्रकार से आप शेयर की लिक्विडिटी की पहचान कर सकते हैं आपको और भी जानकारी चाहिए तो यहां क्लिक करें ।

लिक्विडिटी शेयर की पहचान कैसे करें

ध्यान रहे जिस शेयर में लिक्विडिटी नहीं है उसमें न ही निवेश करना है और न ही ट्रेडिंग करनी है आप यह रहते हैं तो आप भारी हानि हो सकती है यहां पर आपने पैसे डालें ट्रेडिंग के लिए और एक भी बार चार्ट में परिवर्तन नहीं दिखा तो आप लॉस कर दोगे मतलब कि उसके भाव में कोई परिवर्तन नहीं हुआ | तो वो वही का वही रहे तो आपका नुकसान होगा ।
उदाहरण – आपने कोई शेयर ट्रेडिंग के लिए लिया जिसकी प्राइस ₹10 थी | पूरे दिन में इसमें एक बार ही परिवर्तन आया मतलब की शेयर की प्राइस 10 से 9 हो गई तो आपको तो हानि ही हुई । आप समझ गए होंगे कि शेयर में लिक्विडिटी का होना क्यों जरूरी है ।

लिक्विडिटी से लाभ

  • स्टॉक मार्केट में लिक्विडिटी होगी तो आप अच्छा पैसा बनाओगे |
  • किसी एक शेयर में भी आप पैसा बना पाओगे |
  • ट्रेडिंग कर अच्छा पैसा बना पाओगे जब लिक्विडिटी अधिक होतो ।

लिक्विडिटी नहीं होने पर हानि

यहां तक आपने इस आर्टिकल को ध्यान से पड़ा होगा तो समझ गए होंगे कि लिक्विड होना कितना जरूरी है नहीं होने पर आप अपना पैसा गवा सकते हो ट्रेडिंग अच्छे से नहीं कर पाओगे स्टॉक मार्केट से पैसा कमाना बहुत कठिन हो जाएगा ।

आपके लिए क्यों लिक्विडिटी महत्वपूर्ण है

आप स्टॉक मार्केट में निवेश व ट्रेडिंग करते हो तो आपके लिए लिक्विडिटी ही सब कुछ है लिक्विडिटी नहीं होगी तो आप पैसा नहीं बना पाओगे इसलिए आपके लिए लिक्विडिटी महत्वपूर्ण है ।

निष्कर्ष

पूरा आर्टिकल पढ़ने के बाद यह निष्कर्ष निकलता है कि आपने यह सीख की लिक्विडिटी क्या होती है और कैसे काम करती हैं इसका होना क्यों जरूरी है और नहीं होने पर क्या होगा यह सब हम ने विस्तार से जाना है ।

डिस्क्लेमर

YOUR FINANACE PLANET पर लिखे हर एक आर्टिकल एजुकेशन परपस से लिखा गया है और लिक्विडिटी इन ट्रेडिंग भी एजुकेशन के लिए लिखा गया है | ट्रेडिंग करने से पहले अपने सलाहकार से सलाह जरूर लें फिर अपने रिक्स (जोखिम) पर ट्रेडिंग व इन्वेस्टिंग करें | yourfinanaceplanet.in की किसी भी प्रकार के लॉस के लिए जिम्मेदार नहीं है।

इंट्राडे में बाय – सेल स्ट्रेटजी बेसिक | Intraday Buy – Sell Strategy Basic |

intraday buy - sell strategy basic |
Intraday Buy – Sell Strategy Basic :- आप एक इंट्राडे ट्रेंड हो जो कि आपका समय पूरे दिन ट्रेडिंग करने में निकल जाता है । ट्रेडिंग करने के लिए अगले दिन से ही जानकारी जुटाना शुरू कर देते हो न्यूज़ पेपर, अन्य वीडियो और ब्लॉक आर्टिकल से जानकारी एकत्रित करते हो आप चार्ट को समझते हो, इंडिकेटर को समझते हो, और भी कहीं जानकारी प्राप्त कर ट्रेडिंग करते हो परंतु आज हम इंट्राडे में बाय – सेल स्ट्रेटजी बेसिक ( intraday buy – sell strategy basic ) के बारे में अच्छे से अध्ययन करेंगे और समझेंगे बाय, सेल किस स्ट्रेटजी से करना चाहिए ।
 

बाय कैसे करें ।

बाय का मतलब होता है किसी भी शेयर को खरीदना “ Buy “ कहते है खरीदते क्यों हैं । हमें एक निश्चित पैसा कमाने के लिए एक भाव पर खरीदना होता है और उसका भाव बढ़ जाता है तो हमें शेयर को बेच  कर निकल जाना है अपने लाभ के साथ ध्यान रखना यह पैसे कमाने का आसान तरीका तो लगता है परंतु यह आसान है नहीं चलिए । अब मैं बताता हूं कि खरीदते समय किस-किस इंडिकेटर का प्रयोग करें । आप इन इंडिकेटर का प्रयोग कर सकते हैं ।
  • सुपर ट्रेड ( Supertrend)
  • एम ए सी डी ( MACD)
  • वी वैप ( VWAP)
  • एडीक्स ( ADX)
  • पीरियोडिक पॉइंट ( Pivot Points )

सैल कैसे करें ।

सेल का मतलब बाय का उल्टा होता है मतलब की बेचना इसको “sell “कहते  है आपने किसी भी शेयर से लाभ कमाने के लिए खरीदना होगा कोई शेयर फिर भाव बढ़ने पर बेचना होगा । क्या आप सेल कर पैसा कमा सकते हैं हां आप सेल करके पैसा बना सकते हैं । आप इंट्राडे ट्रेडिंग करते हो तो दिन के दौरान आप शॉर्ट सेलिंग कर अच्छा पैसा बना पाओगे । कब मार्केट नीचे की और जाएगा इसका पता लगाने के लिए आप ऊपर बताएं इंडिकेटर का प्रयोग कर सकते हो जैसे सुपर ट्रेड , एमएसीडी , वी वैप एडिएक्स, पीरियोडिक पॉइंट, और भी कही सारे इंडिकेटर हैं जिसका प्रयोग आप कर सकते हैं ।
 

इंडिकेटर का प्रयोग क्यों करें ।

क्या आप बाइक या अन्य वाहन का प्रयोग करते हो आप यह काम तो करते ही हो एक रास्ते से दूसरे रास्ते वाहन  को ले जाना तब आप वाहन के साइड में लगे इंडिकेटर का प्रयोग करते हो यह इस लिए क्योंकि पीछे आता वाहन चालक समझ सके की आप किस   लाइन में जा रहे हो और आपके आगे से आने वाला वाहन चालक समझ सके कि आप किस और जाने वाले हो । इसी प्रकार शेयर मार्केट में भी शेयर का प्राइस किस दिशा में जाएगा यह अनुमान लगाने के लिए ऊपर बताएं इंडिकेटर का प्रयोग करते हैं मतलब कि यहां से मार्केट नीचे जाएगा या ऊपर यह समझ सकते हैं इन इंडिकेटर के माध्यम से आप भी समझ सकते हैं की  मार्किट किस दिशा में जाएगा |  ” ट्रेडिंग करो । और पैसे बनाओ।”
 

कमाने का सही तरीका

आपने स्टॉक मार्केट में कदम रखा है तो समझ लो कि यहां पर कमाने के कही सारे तरीके हैं जिससे आप अच्छा पैसा बना पाओगे । मैं आपको एक तरीका बता रहा हूं । जिससे आप रोज पैसे बना सकते हो इसे हम इंट्राडे ट्रेडिंग करते हैं । मतलब की दिन के दौरान पैसे कमा सकते हो और हां आपने सही तरीके से और समझ के साथ यह काम नहीं किया तो आप पैसों की हानि भी हो सकती है तो पहले अपने ज्ञान को अधिक करें और फिर से ट्रेड करें । इंट्राडे ट्रेडिंग यह कमाने का सही तरीका हैं।
 

निष्कर्ष

आपने यहां पर सीखा कि किसी भी शेयर को बाय ( buy ) करके कैसे पैसा बना सकते हैं और यह भी कि आप किसी शेयर को सेल ( sell ) करके कैसे पैसे कमा सकते हैं । कुछ इंडिकेटर जो आपके ट्रेडिंग जर्नी कोअच्छा बना सके और एक अच्छा लाभ कमा सकते हैं । “आप और भी गहराई से सीखना चाहते हैं तो कमेंट करें ।
 

डिस्कलेंमर

“Your Finance Planet “ पर लिखे हर एक आर्टिकल एजुकेशन परपस से लिखा गया है और “इंट्राडे बाय – सेल स्ट्रेटजी बेसिक “ भी एजुकेशन के लिए लिखा गया है ट्रेडिंग करने से पहले अपने सलाहकार से सलाह जरूर लें फिर अपने रिक्स पर ट्रेडिंग व इन्वेस्टिंग करें । YourfinancePlanet.in की किसी भी प्रकार के लॉस ( हानि ) के लिए जिम्मेदार नहीं है ।
 

फंडामेंटल एनालिसिस की पूरी गाइड

फंडामेंटल एनालिसिस की पूरी गाइड

फंडामेंटल एनालिसिस:- आप स्टॉक मार्केट में निवेश या फिर ट्रेडिंग करते हो तो आपको पता होना चाहिए कि फंडामेंटल एनालिसिस क्या होता है | हम फंडामेंटल एनालिसिस का उपयोग कर कैसे एक बेहतरीन ट्रेडिंग कर सकते हैं और एक बेहतरीन इन्वेस्टमेंट कैसे कर सकते हैं फंडामेंटल एनालिसिस के बेस पर……, तो हम यहां पर जानेंगे कि फंडामेंटल क्या होता है? और इसका प्रयोग कैसे करते हैं? हम एक – एक पॉइंट को यहां पर आसान शब्दों में समझेंगे | फंडामेंटल एनालिसिस से हमें यह पता चलता है? कोई कंपनी कैसी है उस कंपनी के ऊपर कितना उदार है और कितना ग्रो कर रही है | यह जानकारी हम देख सकते हैं |

हम यहां पर बात करेंगे इन पॉइंट पर PE Ratio क्या होता है? प्राइस टू बुक वैल्यू ( price to book value)क्या है? Ev to Ebit क्या है ? EV to Ebitda क्या है? Ev to Capital Employed क्या है? Ev to Sales क्या है ?पैक रेसो ( Peg Ratio ),डिविडेंड यील्ड ( Dividend Yield) और तो और इन सब पॉइंट पर हम डिटेल में आगे बात करने वाले हैं और आप बेसिक से लगाकर एडवांस तक फंडामेंटल एनालिसिस आसानी से कर पाओगे क्योंकि यहां पर में आपको आसान भाषा में फंडामेंटल एनालिसिस करना सिखाने वाला हूं | जिससे आपको प्रॉफिट तो होगा ही सही आप एक प्रोफेशनल व्यक्ति बन सकते हो | मैं आसान तरीके से आपको समझने वाला हूं |

वह भी हिंदी में आपको कैसे निवेश करना है इसके बारे में भी हम बात करेंगे और आप जिस ऐप से ट्रेडिंग करते हैं उसी apps में फंडामेंटल एनालिसिस का पूरा डाटा छुपा होता है | उसी डाटा को देखकर हम कैसे अनुमान लगा सकते हैं किस कंपनी के दाम बढ़ने वाले हैं या फिर घटने वाले हैं |यह कंपनी कितना डिविडेंड देती है यह आपको कैसे पता चलेगा और इस कंपनी पर कितना उदार है यानी कि कितने कर्जे में है यह भी आप आसानी से देख पाओगे फंडामेंटल एनालिसिस की मदद से इस कंपनी का सीईओ कौन है ,अभी इस कंपनी को कौन हैंडल कर रहा है ?

इसके बारे में भी आप देख पाओगे अभी इसके पास शेरहोल्डर कौन-कौन है यह भी आप आसानी से देख सकोगे मैं आपको इन चीजों के बारे में आसानी से बताने वाला हूं | प्रमोटर कौन है यह भी आप समझोगे कुल मिलाकर बात करें कि फंडामेंटल एनालिसिस के अंदर आप छोटी-छोटी चीजों को समझेंगे और वह इतनी आसान है कि आपने अभी तक सोचा नहीं होगा आपने उससे अभी तक कठिन माना है परंतु वह इतनी आसान है की आपको समझ मे आजायेगी तो चलिए हम स्टेप बाय स्टेप एक- एक प्वाइंट पर बात करते हैं जो हमें जानना बहुत जरूरी है | आप को यहाँ पर फंडामेंटल एनालिसिस की पूरी गाइड मिलेगी |

बाज़ार आकार - MC-( Market Cap)

चलिए हम मार्केट कैप को समझते हैं क्या है यह मार्केट कैप और इसे हमें क्यों समझना जरूरी है मार्केट कैप का मतलब होता है कि किसी कंपनी को आप कितने रुपए में खरीद सकते हैं या फिर इस कंपनी के पास कितना कैपिटल है या फिर आप यह भी समझ सकते हो कि यह कंपनी कितनी बड़ी है या फिर आपको यह कंपनी खरीदनी है तो आपको इस कंपनी को कितना पैसा देना पड़ेगा तब जाकर इस कंपनी को आप खरीद पाओगे यही है मार्केट कैप 🤗 जितना ज्यादा मार्केट कैप होगा उतनी बड़ी कंपनी होगी | जितना कम मार्केट कैप होगा उतनी छोटी कंपनी होगी मान लीजिए कोई कंपनी 10000 करोड़ की है तो यह कंपनी बहुत बड़ी है और मान लीजिए कोई कंपनी एक हजार करोड़ की है तो यह बहुत छोटी कंपनी है तो हमें निवेश करते समय यह ध्यान रखना है की किस कंपनी का मार्केट कैप कितना है जितना अधिक मार्केट कैप होगा उतनी बड़ी कंपनी होगी | और हमारा निवेश मे जोखिम भी कम रहता है कंपनी छोटी है उसका मार्केट कैप कम है तो उस कंपनी पर हम भरोसा नहीं कर सकते हैं कभी भी डूब सकती है या फिर आगे बढ़ सकती है यहां पर बहुत ज्यादा रिस्क रहता है आप अधिक रिस्क लेना चाहते हैं तो आप कम मार्केट कैप वाली कंपनी में भी निवेश कर सकते हैं आप कम जोखिम लेना चाहते हो तो आप बड़ी कंपनी में निवेश करें |

इक्विटी पर लाभ - ROE ( Return on Equity)

ROE का मतलब कंपनी कितना प्रतिशत रिटर्न कमा रही है यह दिखता है जिस कंपनी का जितना अधिक ROE होगा उतना सही रहेगा इंडिया में अधिकतर 20 से 25% कंपनी रिटर्न देती है कोई कंपनी कम भी रिटर्न देती हैं जैसे:- 8 से 10% यह कंपनी भी सही है जितना अधिक ROE है उतनी सही कंपनी है ROE अधिक होना चाहिए 20% से ऊपर तो होना चाहिए |

प्रति शेयर आय - EPS ( Earnings Per Share)

EPS हमें यह बताता है कि कंपनी प्रति शेयर कितना कमा रही है जितना अधिक काम आएगी उतना हमारे लिए सही रहेगा जितना EPS अधिक होगा उतना सही रहेगा 100+ तो होना ही चाहिए |

मूल्य - आय अनुपात - P/E Ratio (TTM) (Price to Earnings)

P/E का मतलब होता है कि आपको एक रुपया कमाने के लिए कितने रुपए निवेश करने पड़ेंगे मान की किसी कंपनी का P/E Ratio ₹100 है तो आपको ₹1 कमाने के लिए कंपनी को ₹100 देने पड़ेंगे जितना कम P/E Ratio होगा उतना सही रहेगा |

भाग प्रतिफल -DY-(Dividend Yield)

कंपनी अपने लाभ में से अपने निवेशकों को जितना प्रतिशत पैसा दे रही है यही है डिविडेंड यील्ड जितना अधिक डिविडेंड यील्ड  होगा  | उतना फायदा है डिविडेंड यील्ड को और समझते हैं | कंपनी जितना लाभ कमाती  है उसमें से अपने निवेशकों को कितना पैसा दे रही है यही है डिविडेंड यील्ड….
डिविडेंड वही कंपनी देती है जो आज एक सही मुकाम पर है यह भी हो सकता है कि कंपनी जितना कमा रही है | वह अपनी कंपनी को आगे बढ़ाने में भी लगा सकती है वह कंपनी आज सही जगह पर है इसलिए वह डिविडेंड दे रहे हैं | आपको यहां पर प्रति शेयर पर डिविडेंड मिलता है |

बुक वैल्यू -( Book Value)

कंपनी आज किसी कारण से बंद हो जाती हैं तो आपको प्रति शेयर कितना रुपया मिलेगा यही बताता है बुक वैल्यू.. .
आपके लिए उतना फायदा है जितना अधिक बुक वैल्यू होगा उतना फायदा…, आपको देखना है कि बुक वैल्यू कितना है |

प्राइस-टू-बुक-P/B Ratio-(Price to Book Ratio)

कोई कंपनी आज बंद हो जाती है और आपको एक रुपया लेना है तो आपका कंपनी में कितना रुपया निवेश होना चाहिए | यही होता है P / B Ratio.आपको देखना है कि P/B Ratio कम होना चाहिए यह 1 व 2 के मध्य होना चाहिए यह सही रहेगा |

इक्विटी को ऋण-(Debt To Equity)

आप किसी भी कंपनी में निवेश कर रहे हैं तो डेट (debt) कम(debt) होना चाहिए | एक कंपनी दो तरह से डेट ले सकती है पहले तो किसी से कर्ज लेले या अपने इक्विटी देदे मतलब एक ही कंपनी के अधिक मालिक हो चाहे कंपनी के अधिक मालिक भी सही नहीं है | कंपनी के ऊपर अधिक कर्ज भी नहीं होना चाहिए जितना कम डेट होगा उतना सही रहता है और समझते हैं |
कंपनी को ₹1 इक्विटी पर कितना कर्ज लिया है उसे डेट कहते हैं डेप्ट एक से कम होना चाहिए |

आंतरिक मूल्य- (Intrinsic Value)

इंट्रिन्सिक वैल्यू से हम यह समझते हैं कि कोई शेयर महंगा  है या सस्ता है इंट्रिन्सिक वैल्यूअधिक है और प्राइस कम है तो वह अभी सस्ता मिल रहा है इंट्रिन्सिक वैल्यू कम है तो अभी शेयर प्राइस अधिक है |

निष्कर्ष

अपने यहां फंडामेंटल एनालिसिस की पूरी गाइड स्टेप बाय स्टेप प्राप्त की है आपको और भी फंडामेंटल रिलेटेड की जानकारी चाहिए तो मुझे कमेंट कर सकते हैं परंतु बात हम यह करते हैं कि यहां पर इसका निष्कर्ष क्या निकलता है तो आपने  यहां पर फंडामेंटल को स्टेप बाय स्टेप समझा है एक निवेशक को जितनी जानकारी पता होनी चाहिए वह यहां से ले सकता है एक बिगनर यानी की पहली बार कोई फंडामेंटल एनालिसिस कर रहा है तो यहां से आसानी से सीख सकता है वह भी सिंपल लैंग्वेज के अंदर मतलब की आसान भाषा में तो यहां पर सभी पॉइंट मैं आसान भाषा में बताने की कोशिश की है जो कि आपको समझ में आए होंगे |

डिस्क्लेमर

Your Finance Planet किसी प्रकार से निवेश की सलाह नहीं देता है यह सिर्फ शिक्षा के पर्पश से आर्टिकल लिखा जाता है | आपको निवेश करना है तो आप अपने सलाहकार से रह ले और फिर अपने जोखिम पर निवेश करें |

Compounding की शक्ति क्या हैं | power of Compounding |

power of Compounding

आइये इसे समझने के लिए हम एक कहानी से Compounding  Interest(चक्रवृद्धि ब्याज) को समझते है | की ये कैसे काम करता हैं | एक समय एक राजा था | जो बहुत धनी राजा था , उसके दरबार में एक व्यपारी आया और राजा को गाना सुनाने लगा | उस गाने को राजा सुनते ही रह गया | गाना बहुत अच्छा था तो राजा उस व्यपारी को कुछ कह नहीं सका और सुनता ही रह गया गाना पूरा होने के बाद राजा और उस दरबार में जितने व्यक्ति वो थालिया बजाने लगे | राजा बोला बोलो आपको क्या चाहिए | व्यपारी ने बोला एक लाख सोने के सिक्के दे दो राजा ने बोला इस गाने की इतनी कीमत व्यपारी बोला हाँ ,राजा बोला आप कुछ और मागो तो अब व्यपारी ने एक सिक्का मागा परन्तु उस एक सिक्के का हर दिन दुगुना मागा राजा ने भीना सोचे बोल दिया मनजूर है | राजा ने राजकोष को बोला मुझे भीना पूछे व्यपारी रोज का दुगुना करके सिक्के दे देना |

पहले दिन राजा को एक सिक्का मीला | दुसरे दिन व्यपारी के पास 2 सिक्के आये | तीसरे दिन व्यपारी के पास 4 सिक्के आये | चौथे दिन व्यपारी के पास 8 सिक्के आये | | पाँचवे दिन व्यपारी के पास 16 सिक्के आये | छठे दिन व्यपारी के पास 32 सिक्के आये | सातवें दिन व्यपारी के पास 64 सिक्के आये | आठवें दिन व्यपारी के पास 128 सिक्के आये | नौवें दिन व्यपारी के पास 256 सिक्के आये | दसवें दिन व्यपारी के पास 512 सिक्के आये |ग्यारहवें दिन व्यपारी के पास 1,024 सिक्के आये | बारहवें दिन व्यपारी के पास 2,048 सिक्के आये | तेरहवें दिन व्यपारी के पास 4,096 सिक्के आये |चौदहवें दिन व्यपारी के पास 8,192 सिक्के आये | पंद्रहवें दिन व्यपारी के पास 16,384 सिक्के आये | सोलहवें दिन व्यपारी के पास 32,768 सिक्के आये | सत्रहवें दिन व्यपारी के पास 65,536 सिक्के आये | अठारहवें दिन व्यपारी के पास 131,072 सिक्के आये | उन्नीसवें दिन व्यपारी के पास 262,144 सिक्के आये |

बीसवें दिन व्यपारी के पास 524,288 सिक्के आये | इक्कीसवें दिन व्यपारी के पास 1,048,576 सिक्के आये | बाईसवें दिन व्यपारी के पास 2,097152 सिक्के आये | तेइसवें दिन व्यपारी के पास 4,194,304 सिक्के आये | चौबीसवें दिन व्यपारी के पास 8,388,608 सिक्के आये | पच्चीसवें दिन व्यपारी के पास 16,777,216 सिक्के आये | छब्बीसवें दिन व्यपारी के पास 33,554,432 सिक्के आये | सत्ताईसवें दिन व्यपारी के पास 67,108,864 सिक्के आये | अट्ठाईसवें दिन व्यपारी के पास 134,217,728 सिक्के आये | उनतीसवें दिन व्यपारी के पास 268,435,456 सिक्के आये | तीसवें दिन व्यपारी के पास 536,870912 सिक्के आये | धन रक्षंक को अठारहवें दिन अनुमान लग गया की यह व्यपारी बहुत ज्ञानी है | पच्चीसवें दिन धन रक्षंक दौड़ते हुए राजा के दरबार में पंहुचा और राजा से बोला राजकोष में धन खत्म हो गया |

राजा बोला कौन ले गया धन रक्षंक बोला एक दिन वह व्यपारी आया था | जिसने एक लाख सोने के सिक्के मांगे थे और आपने मना कर दिया था और उसने बोला मुझे एक सिक्का दे दो परन्तु रोज के सिक्के से दुगुना देना होगा फिर आपने हाँ कर दिया | और अब राजकोष में धन खत्म हो गया | राजा उस व्यपारी के चरण सुने लगा और बोला आप बहुत ज्ञानी हो ,मेरे राजकोष में जितने सिक्के थे आपको दे दिए अब मेरे पास कुछ नहीं है | अब आप इस राज गदी पर बेटो यह राज गदी आपकी आज से राज से पूरा राज्य उस उस व्यपारी को दे दिया | इस कहानी से आप क्या सीखे | यही ना Compound कैसे काम करती हैं |

ऐसे ही Compounding आपके पैसो के साथ भी काम करती हैं तो आप अपना पैसा कहा रखते है | यह आप पर निर्भर करता है इसे आप स्टॉक मार्केट में रखते है तो इसका रिजल्ट दिखेगा | आप अभी से निवेश करना चूरू कर सकते हो | अब इसे हम परिभाषित करते हैं | यह एक चक्रवृद्धि ब्याज़ दर पर काम करता है | आपने एक साल में जितने पैसे निवेश किये और उस पर प्राप्त ब्याज को आपने जो पैसा निवेश किया है और जो ब्याज बना है, इन दोनों को जोड़ कर अगले साल आपको ब्याज मिलेगा | यही है Compounding . चलिए एक उदाहरण से समझते है |

आपने किसी कंपनी में 100 रुपये निवेश किया और साल का 10% ब्याज मिल रहा है तो एक साल में आपने कमाए 10 रुपये अब हम 100 + 10 करते है तो हमारे पास 110 रुपये बनते है | हमें इस पर ब्याज मिलेगा | 110 पर 10 % के हिसाब से हमें दूसरे साल 23.3 रुपये कमाए | कैसे ही Compounding काम करती हैं | आपको यहाँ Compounding ज्ञात करने का सूत्र दे रहा हूँ |

कंपाउंडिंग ज्ञात करने का सूत्र

Compounding का हिंदी अर्थ क्या होता हैं

देखो आपको पता होना बहुत जरुरी है की Compounding को हिंदी में किस नाम से जाना जाता है | मैं आपको यही बताने आया हु की Compounding को हिंदी में क्या कहते हैं | हम Compounding को हिंदी में औषध-मिश्रण के नाम से जानते है ,इसे हिंदी में एक और नाम से भी जाना जाता हैं वह हैं प्रशमन,इसे हम प्रशमन नाम से भी जानते है | और तो और हमने कक्षा – 8th पढ़ा भी है वहा हम चक्रवृद्धि ब्याज से जानते थे | तो अब तो आपके दिमाक में अच्छे से आ गया होगा |

30 दिनों के लिए 1 रूपया दो गुणा कैसे करे

आप एक रुपये का हर रोज मिलने वाले रुपये के दुगुने चाहते है, तो इसे ध्यान से पढ़ना नहीं तो आप अपने एक रुपये को दुगुणा नहीं कर पाओगे | आप ऊपर दिए गए सिक्के को एक रूपया मान लो और वह आपको रोज दुगुणा होकर मिल रहा हैं | आपने वहा देखा की एक से दस दिन तक तो कोई खास परिवर्तन नहीं दिख रहा था | अठारहवें दिन व्यपारी के पास 131,072 सिक्के हो गए थे | अठारहवें दिन व्यपारी को जो सिक्के मिले उसे आप रुपये मान लो तो अब आपके पास एक रुपये का डबल होते – होते अठारहवें दिन आपके पास 131,072 रुपये होंगे | और इसी को तीस दिन तक किया जाए तो हमारे पास तीसवें दिन 536,870912 रुपये आपको प्राप्त होंगे | तो अब आपने समझ लिया होगा की 30 दिनों के लिए 1 रूपया दोगुणा कैसे होता हैं |

कंपाउंडिंग कैलकुलेटर

देखो आज के युग में आपको कैलकुलेटर का प्रयोग करने आना चाहिए | आज तक आपने सरल कैलकुलेटर का प्रयोग किया होगा आज आप Compounding कैलकुलेटर का प्रयोग करेंगे | इस कैलकुलेटर में मैं जो संख्या दे रहा हु वह पहले डाल कर देखे कितना उत्तर आता हैं | मूलधन 100 रुपये ब्याज प्रतिशत 10 % साल 1 वर्ष डालो क्या आपका उत्तर 110 आ रहा है तो आपने यह सही प्रयोग किया है | आपको यहाँ मैं एक कैलकुलेटर दे रहा हु इसका प्रयोग करो |👉 ये रहा कंपाउंडिंग कैलकुलेटर

कंपाउंडिंग का सूत्र

कंपाउंडिंग का सूत्र को आपने बचपन में बहुत पढ़ा है कक्षा 7,8, में वहा पर रोज अलग – अलग सवाल करते थे | वहाँ हम इसे चक्रवृद्धि ब्याज से जानते थे | आपको या में सूत्र दे रहा हु इसका प्रयोग कर आप चक्रवृद्धि ब्याज ज्ञात कर सकते हो तो इस सूत्र का प्रयोग करे |

निष्कर्ष

आप यहाँ से सीखे की चक्रवृद्धि ब्याज क्या होता है और करता हैं | आपने एक राजा की की कहानी से जाना की Compounding कैसे काम कराती हैं | Compounding सूत्र का प्रयोग करना भी सीखा यहाँ पर आज आपने कुछ तो नया सीखा है जो आगे आने वाले समय के लिए काम आएगा |

डिस्क्लेमर

यहाँ पर जितनी  भी जानकारी दी गई हैं | वह सिर्फ फाइनेंस शिक्षा को बढ़ावा देना हैं | यहाँ पर योर फाइनेंस प्लेनेट ( Your Finance Planet ) इन्वेस्टिंग और ट्रेडिंग ऐसी किसी भी प्रकार की सलाह नहीं देता हैं | आप अपने सलाहकार से सलाह जरूर ले फिर अपने जोखिम पर निवेश करे |

प्रश्न -उत्तर

प्रश्न 1.कंपाउंड का मतलब क्या होता है?

उत्तर:- कंपाउंड एक ऐसा नियम है जो आपके पैसो को डबल करने की ताकत रखता है | यहाँ आपने किसी स्टॉक में पैसे लगाए और उस पैसो पर ब्याज मिल रहा है तो अगले साल वापस ब्याज के ऊपर ब्याज मिलेगा यही कंपाउंड हैं |

प्रश्न 2.12% चक्रवृद्धि ब्याज कितना होता  है? चक्रवृद्धि ब्याज कैलकुलेटर

उत्तर:- मान लो आपने किसी स्टॉक मार्केट में 1000 रुपये  निवेश किये और वहा  से आपको 12 % ब्याज मिलता हैं  तो आपको 1000 रुपये पर 120 रुपये का ब्याज मिलेगा |

प्रश्न 3.10 साल में 10,000 रुपये  कितना बढ़ेगा?

उत्तर:- हम मान लेते है की रोहन स्टॉक मार्केट में 10000 रुपये निवेश करता है 10 साल के लिए उसे सालाना 10 % ब्याज मिलता है तो दस साल बाद रोहन के पास 25937.4246 रुपये होगे ब्याज सहित , रोहन को यहाँ पर 15937.4246 रुपये ब्याज मिला |

प्रश्न 4.16% वार्षिक ब्याज मासिक क्या है?

उत्तर:-हिना स्टॉक मार्केट में 1000 रुपये निवेश करती है 3 साल के लिए  और उसे 16 % वार्षिक ब्याज मिलता है तो हिना के पास 3 साल बाद 1560.90 रुपये होगे और उस पर 560.90 रुपये ब्याज मिलेगा | और हम मासिक की बात करे तो उसके पास 1610.96 रुपये होगे और उस पर 610.96 रुपये ब्याज मिलेगा |

प्रश्न 5.1 लाख का 7% ब्याज कितना होगा  है?

उत्तर:- 1 लाख पर आपको 7 % ब्याज मिलता है| एक साल के लिए तो एक साल बाद आपके पास 107000 रुपये होगे उसमे से आपको एक साल में 7000 ब्याज मिलेगा |

 

ईटीएफ ( ETF) क्या है | ETF की सम्पूर्ण जानकारी | What is ETF

ईटीएफ ( ETF) क्या है ETF की सम्पूर्ण जानकारी What is ETF

ईटीएफ ( ETF) के बारे में जानकारी होना बहुत जरूरी है | आप स्टॉक मार्केट में दिलचस्पी लेते हो तो यहां भी जोखिम भरा होता है पर इतना नहीं जितना स्टॉक मार्केट में शेयर होते हैं | ईटीएफ ( ETF)के माध्यम से आप इंडिया की टॉप कंपनी में इन्वेस्टमेंट कर सकते हो वह भी कम पैसों से भी ईटीएफ ( ETF) में इन्वेस्टमेंट कर सकते हो ईटीएफ ( ETF) को हम एक्सेस ट्रेडिंग फंड से भी जानते हैं । यहां स्टॉक एक्सचेंज साधारण स्टॉक के जैसे कार्य करता है। आप ईटीएफ ( ETF) को स्टॉक एक्सचेंज से खरीद सकते हो जैसे एनएससी( NSE) बीएससी(BSE) से आप कम लागत में एक साथ कहीं सारी कंपनियों में निवेश कर स्टॉक या बॉन्ड के विविध एक अच्छा पोर्टफोलियो बना सकते हो ।

आप ईटीएफ ( ETF) को एक ही लाइन में समझाना चाहते हो तो आप यह समझे “ईटीएफ ( ETF) एक प्रकार का निवेश है | जिसे स्टॉक एक्सचेंज पर खरीदा और बेचा जाता है इसे ही ईटीएफ ( ETF) कहते हैं।

ईटीएफ ( ETF) की फुल फॉर्म

ईटीएफ ( ETF) की फुल फॉर्म पता होना बहुत जरूरी है आप एक स्टॉक मार्केट में निवेदक हो तो आपको कोई भी ETF की फुल फॉर्म पूछ ले तो क्या करोगे । आप इसे हिंदी में मुद्रा कारोबार कोष के नाम से जानते हो इसकी फुल फॉर्म (इंग्लिश) एक्सेस ट्रेडिंग फंड ( Exchange Traded Funds) है।

ईटीएफ ( ETF) कितने प्रकार के होते हैं

ईटीएफ ( ETF) में निवेश करना है तो ईटीएफ ( ETF) की जानकारी तो होनी जरूरी है । यह भी पता होना चाहिए कि ईटीएफ ( ETF) कितने प्रकार के हैं । किन – किन भागों में बांटे गए हैं । मेरा तो मानना है कि कोई  व्यक्ति  ईटीएफ ( ETF) में निवेश करना चाहता है | तो उसे ईटीएफ ( ETF) से जुड़ी हर प्रकार की जानकारी होनी  जरूरी है । फिलहाल ETF के नौ प्रकार हैं जिसके नाम में यहां पर दे रहा हूं ।

  1. इक्विटी ईटीफ ( equity etf)
  2. निवेश ग्रेड ईटीफ (investment grade etf )
  3. सेक्टरल ईटीफ (Sectoral etf )
  4. कमोडिटी ईटीफ (Commodity etf)
  5. फिक्स्ड इनकम ईटीफ(fixed income etf )
  6. रियल स्टेट ईटीफ(real estate etf )
  7. मल्टी असेट्स ईटीफ(Multi Assets etf )
  8. वैकल्पिक ईटीफ(alternative etf )
  9. मुद्रा ईटीएफ  ( Currency etf  )

इनकी विस्तार से जानकारी में दूसरे आर्टिकल में लिख रहा हूं | आप वहां से जरूर पढ़ लें आपको अधिक समझ में आएगा यह सब ईटीफ( ETF) काम कैसे करते हैं।

ईटीएफ ( ETF) से लाभ

आप निवेश करना चाहते हो तो ईटीएफ ( ETF) एक अच्छा विकल्प हो सकता है । क्योंकि ईटीएफ ( ETF) में जोखिम कम होता है ,कम इस लिए होता है। क्योंकि एक ETF में बहुत सारी कंपनिया आती है । आपका पैसा उन सभी कंपनियों में लगेगा जो इस ईटीएफ ( ETF) में है । मान लो एक ईटीएफ ( ETF) में 20 कंपनियां है । तो आपके 100 रुपये  भी इन सभी 20 कंपनियों में निवेश होगा । फिर क्या आपको एक अच्छा लाभ होगा। मतलब कि आप अच्छा पैसा बना सकते हो इस लिए ईटीएफ ( ETF)  एक अच्छा निवेश साधन है | ईटीएफ ( ETF) के कुछ लाभ या बता रहा हूं।

  1. पैसों का जोखिम बहुत कम होगा |
  2. एक साथ कहीं सारी कंपनियों में निवेश कर सकते हो |
  3. कम समय में अधिक पैसा कमा सकते हो |
  4. लंबे समय निवेश करने पर आप अच्छा पैसा कमा सकते हो |

और भी कई प्रकार के लाभ हो सकते हैं जब आप निवेश करोगे तब समझ आएगा ।

ईटीएफ ( ETF) कब खरीदे

दिन के दौरान स्टॉक मार्केट खुला रहता है । आप कभी भी ईटीएफ ( ETF) खरीद सकते हो। कुछ इंडिकेटर को लगाकर और उन्हें समझ कर ईटीएफ ( ETF) खरीद सकते हो मेरा ईटीएफ ( ETF) खरीदने का तरीका यह है , कि जब स्टॉक मार्केट गिर रहा हो तो मैं ईटीएफ ( ETF) में निवेश करना सही समझता हूं | मार्केट नीचे आने पर में ETF खरीदता हूं। आपको ईटीएफ ( ETF) में निवेश करना है तो ये कुछ दलाल (broker ) के लिंक दे रहा हूँ यहाँ से अपना अकाउंट खुलवा दे | 

  1. Angel one
  2. Upstox
  3. Zerodha
  4. Groww

ईटीएफ ( ETF) में निवेश कैसे करे

ईटीएफ ( ETF) में निवेश करना आसान है | आप किसी भी ऑनलाइन ब्रोकर से  अपना अकाउंट खुलवा सकते हो । वह भी घर बैठे और फिर आप ईटीएफ ( ETF) में निवेश कर सकते हो | आप एंजेल वन, फाइव पैसा, ग्रो, इन में आप अपना अकाउंट खुलवा सकते हैं । और फिर ईटीएफ ( ETF) में निवेश कर सकते हो ईटीएफ ( ETF) में निवेश करना बहुत आसान है। जब स्टॉक मार्केट गिर रहा हो तो आप ईटीएफ ( ETF) में निवेश कर सकते हो और अच्छा रिटर्न बना सकते हो ।

निफ्टी ईटीएफ (Nifty ETF) कैसे खरीदे 

Nifty ETF खरीदना कोई बड़ी बात नहीं है | वैसे आपने कभी तो स्टॉक मार्केट में शेयर तो खरीदे होगे | इस प्रकार से तो ईटीएफ ( ETF) खरीद रहते है| जब स्टॉक मार्केट खुला हो तो आप इसे खरीद और बेच सकते हो | जो मैं आपको स्टेप बता रहा हूं | उसका उपयोग करके आप निफ्टी ईटीएफ (Nifty ETF) आसानी से खरीद पाओगे | सबसे पहले अपना डिमैट अकाउंट खोलो किसी भी ब्रोकर से खुलवा सकते हो फिर आप सर्च बॉक्स में जाओ और वहां पर निफ्टी ईटीएफ (Nifty ETF) लिखो | फिर बाय ( Buy ) बटन पर दबावे आप यहां जितने शेयर खरीदना चाहते हो डालो | फिर प्लेस बाय ऑर्डर ( place Buy Order )पर क्लिक करो | अब आपके अकाउंट में वह शेयर आ जाएंगे | इस प्रकार से ईटीएफ ( ETF) खरीद सकते हैं ।

भारत में कितने ईटीएफ ( ETF) है

भारत में कितने ईटीएफ ( ETF) है | यह जानना आपके लिए बहुत जरूरी है | क्योंकि आप एक निवेशक हो इसलिए यह जानकारी होनी ही चाहिए | मेने सभी जगह पता करने के बाद पता चला है | कि भारत के नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE ) में 150 ईटीएफ ( ETF) की सूची प्राप्त हुई है | क्या 150 ईटीएफ ( ETF) की जानकारी चाहिए तो कमेंट करें । और जानकारी के लिए यहाँ दबाये 👉 NSE

क्या ईटीएफ ( ETF) सुरक्षित है

ईटीएफ ( ETF) सुरक्षित फंड होता है | परंतु हम पूरी तरह यह नहीं कह सकते हैं ,कि ईटीएफ ( ETF) 100% सुरक्षित है यह एक स्टॉक मार्केट का ही हिस्सा है | इसमें उतार – चढाव होते हैं, नहीं ईटीएफ ( ETF)सुरक्षित है , और नहीं स्टॉक मार्केट में शेयर ,जोखिम तो हर जगह होता है | स्टॉक मार्केट में आप शेयर खरीदोगे तो जोखिम अधिक रहता है | आप ईटीएफ ( ETF) की ओर नजर घूमते हैं और उसे खरीदने का निर्णय लेते हो तो यह एक कम जोखिम वाला निवेश बन सकता है | ईटीएफ ( ETF) में कम जोखिम होता है | परंतु जोखिम तो होता है ।

बेस्ट गोल्ड ईटीएफ ( ETF) कौन – से हैं

बेस्ट गोल्ड ईटीएफ ( ETF) का क्या मतलब है आप इससे क्या समझते हैं | यही ना कि आपको अच्छा रिटर्न दे रहा है, या नहीं देखा आप भी सही सोच रहे हो पर मैं बता देना चाहता हूं, कि बेस्ट गोल्ड ईटीएफ ( ETF) कब हो सकते हैं आपको उसमें वॉल्यूम देखना होगा उसमें होने वाले उतार-चढ़ा भी देखते होंगे और फिर कहीं सारे बिंदुओं को ध्यान में रखना पड़ता है । गोल्ड ईटीएफ ( ETF)  से जुड़ी और जानकारी चाहिए तो लिंक पर क्लिक करके पूरी जानकारी ले कुछ बेस्ट गोल्ड एटीएम यहां दे रहा हूं ।👉 और जानकारी के लिए यहाँ दबाओ | 

  1. Axis Gold ETF
  2. HDFC Gold ETF
  3. Invesco India Gold ETF
  4. SBI Gold ETF
  5. UTI – Gold Exchange Traded Fund
  6. Kotak Gold ETF
  7. Nippon India ETF Gold Bees

इन सभी की आपको और भी अधिक जानकारी चाहिए तो नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ( NSE ) की वेबसाइट पर जाकर पता कर सकते हो ।👉 Gold – ETF 

शेयर बाजार में ईटीएफ(ETF) क्या है

देखो आप शेयर बाजार में निवेश करते हो तो आपके यह पता होना बहुत जरूरी है कि शेयर बाजार में ईटीएफ ( ETF) क्या है | इसकी फुल फॉर्म होती है एक्सचेंज ट्रेडेड फ़ंड (Exchange Traded Fund) होता है यह शेयर बाजार में एक निवेश का अच्छा तरीका है | ईटीएफ ( ETF) में निवेश करके अच्छा पैसा कमा सकते हो इसकी लागत भी कम होती है | यहां शेयर बाजार में कम भाव में उपलब्ध होते हैं और यह समय के साथ-साथ बढ़ते रहते हैं इससे हमें फायदा होगा यह एक साथ स्टॉक या बांड में निवेश करने का अच्छा तरीका भी है शेयर बाजार में ईटीएफ ( ETF) को सही से समझते हो तो यह एक आसान और कम लागत वाला एक अच्छा निवेश विकल्प है ।

ईटीएफ ( ETF) से पैसे कैसे कमाए 

आज और इस समय देखा जाए तो ईटीएफ ( ETF) से पैसे कमाने के कई सारे विकल्प निकलकर आते हैं आप ईटीएफ ( ETF) में ट्रेडिंग भी कर  सकते हो अच्छा पैसा बना सकते हो आप बहुत अधिक पैसा कमाना चाहते हो तो आपको लंबे समय तक निवेश करना होगा तो आप एक अच्छा पैसा बना पाओगे 5 से 10 साल के मध्य का समय हो सकता है | इससे भी अधिक समय ले सकते हैं, महीने में कमाने हैं तो भी आप कमा सकते हो तो इस सब तरीके से ईटीएफ ( ETF) में से  पैसा कमा सकते हो ।

  1. शॉर्ट टर्म निवेश ( Short Term Investments )
  2. मध्य टर्मिनस ( Mid Term Investments )
  3. लॉन्ग टर्म निवेश ( Long Term Investments )

आप एक अच्छा पैसा जरूर बनाओगे।

क्या ईटीएफ ( ETF) आपको अमीर बना  सकता हैं 

हां ईटीएफ ( ETF) आपको अमीर बन सकते हैं बससर्त यह है, कि आपको अच्छे से निवेश करना आना चाहिए आपको खोजना आना चाहिए | आपको हर महीने और लंबे समय तक निवेश करने की जरूरत होगी |आपको ईटीएफ ( ETF) से अमीर बनना है तो आप एक करोड़ कब बना पाएंगे मान लो आप हर महीने हजार रुपए ईटीएफ ( ETF) में निवेश करते हो वह 10% वार्षिक ब्याज देता रहता है आप एक हजार रुपये 50 वर्ष तक ईटीएफ ( ETF) में निवेश करते हो तो आपके पास कितना पैसा बनेगा यह आप खुद देखें कि कितना पैसा बनेगा यह व्यवस्थित निवेश योजना कैलकुलेटर दिया गया है | आप उसमे इन आकड़ो को डाल कर देखे |मासिक निवेश राशि (₹)=1000 , ब्याज दर (% वार्षिक) =10% , अवधि (वर्षों में) = 50वहां जाकर जो यहां दिया है वह उसमें डालें आपको यहां पर कैलकुलेटर का लिंक दिया गया है ।👉.

व्यवस्थित निवेश योजना कैलकुलेटरईटीएफ ( ETF) में एक सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट करते हो यानी कि आप कुछ रूल्स का फॉलो करके निवेश करते हो ईटीएफ ( ETF) के अंदर तो विदीन 30 से 50 साल के अंदर आप एक करोड़पति व्यक्ति जरूर बन जाओगे तो जो मैंने बताया है उसे एक बार अप्लाई करके जरूर देखें । आप अपनी राशी बदल सकते हैं | आप महीने के 5000 से 10000 रुपये भी निवेश कर सकते हो |

क्या ईटीएफ ( ETF) आपको अमीर बना  सकता हैं

भारत में ईटीएफ ( ETF)कहां से खरीदें 

आप भारत में रहते हो और यह सोच रहे हो कि भारत में ईटीएफ ( ETF) कहां से खरीदें तो मैं आपको बताने वाला हूं | कि आप ईटीएफ ( ETF) कहां से खरीद सकते हो आज ऑनलाइन बहुत सारे ब्रोकर है जो ईटीएफ ( ETF) की सुविधा प्रदान करते हैं | वहां से आप ईटीएफ ( ETF) खरीद सकते हो | जैसे :- एंजेल वन, फाइव पैसा, अपस्टॉक, जीरोधा, यहां से आप ईटीएफ ( ETF)खरीद सकते हो और तो और एक अच्छा पैसा भी बना सकते हो । और जानकारी के लिए यहाँ जाए 👉

1.Angel one

 2.Upstox 

3.Zerodha 

4.Groww

मुझे कितने ईटीएफ ( ETF) में निवेश करना चाहिए 

शेयर बाजार में आप जितने चाहे उतने ईटीएफ ( ETF) में निवेश कर सकते हो परंतु मेरा मानना है कि आप 5 से 10 ईटीएफ ( ETF) में निवेश कर सकते हो और आप एक अच्छा पैसा बना पाओगे ।

निष्कर्ष 

 ईटीएफ ( ETF) एक अच्छा निवेश साधन है , इसका उपयोग कर के अच्छा पैसा कमा सकते हो | आपने यहाँ जाना की ईटीएफ ( ETF)क्या है,ईटीएफ ( ETF) की फुल फॉर्म ,ईटीएफ ( ETF) कितने प्रकार के होते हैं,ईटीएफ ( ETF) से लाभ,ईटीएफ ( ETF) कब खरीदे ,ईटीएफ ( ETF) में निवेश कैसे करे। ,निफ्टी ईटीएफ (Nifty ETF) कैसे खरीदे ,भारत में कितने ईटीएफ ( ETF) है, क्या ईटीएफ ( ETF) सुरक्षित है। ,बेस्ट गोल्ड ईटीएफ ( ETF) कौन – से हैं। ,शेयर बाजार में ईटीएफ(ETF) क्या है। ,ईटीएफ ( ETF) से पैसे कैसे कमाए ,क्या ईटीएफ ( ETF) आपको अमीर बन सकते हैं । ,भारत में ईटीएफ ( ETF) कहां से खरीदें,भारत में ईटीएफ ( ETF)कहां से खरीदें, इस सभी बिंदु को समझा  है , और भी आपको बहुत सी जानकारी प्राप्त हुई होगी |

डिस्क्लेमर

यहाँ पर जितनी  भी जानकारी दी गई हैं | वह सिर्फ फाइनेंस शिक्षा को बढ़ावा देना हैं | यहाँ पर योर फाइनेंस प्लेनेट ( Your Finance Planet ) इन्वेस्टिंग और ट्रेडिंग ऐसी किसी भी प्रकार की सलाह नहीं देता हैं | आप अपने सलाहकार से सलाह जरूर ले फिर अपने जोखिम पर निवेश करे | 

 प्रश्न -उत्तर 

 प्रश्न 1. ईटीएफ ( ETF) क्या है ?      उत्तर:-   यह एक प्रकार का निवेश साधन है | जहा आप निवेश कर पैसे बना सकते हो | प्रश्न 2.ईटीएफ ( ETF) में निवेश क्यू करे |    उत्तर:-यहाँ से आप 100 रुपये भी 20 से अधिक कंपनियों में लगा सकते हो और आप अच्छा पैसा बना पाओगे | इस लिए इसमें निवेश करना चाहिए | 

प्रश्न 3.ईटीएफ ( ETF) का पूरा नाम क्या है ?    उत्तर:-ईटीएफ ( ETF) का पूरा नाम आप हिंदी में मुद्रा कारोबार कोष के नाम से जानते हो इसकी फुल फॉर्म (इंग्लिश) एक्सेस ट्रेडिंग फंड ( Exchange Traded Funds) के   नाम से जानते है | प्रश्न 4 .भारत में कुल कितने ईटीएफ ( ETF) हैं ?    उत्तर:-भारत में कुल 150 ईटीएफ ( ETF) हैंप्रश्न 5 . ईटीएफ ( ETF)  की अधिक जानकारी के लिए कहा जाए ?    उत्तर:- NSE की वेबसाइट पर जा सकते हो , वहा आपको अधिक जानकारी मिल जायेगी |

Buy on Dips Strategy को समझे – स्टॉक मार्केट Risk Management Basics in stock market #riskmanagement Stop Loss क्या है? | Stop Loss kya hai jaane aasan bhasha me Candlestick क्या है? abhi jane Bid-Ask Price kya hain | stock market